स्वयं अपना उद्धार करे, स्वयं को अधोगति में न ले जाए
मनुष्य के उत्थान या पतन का सबसे बड़ा कारण उसका अपना मन है। विवेक और आत्मसंयम से वही मन सर्वोत्तम मित्र बन जाता है।
जीवन में उपयोग: अपनी परिस्थितियों के लिए केवल बाहरी कारणों को दोष देने के बजाय अपने विचारों, आदतों और मन के प्रशिक्षण पर ध्यान देना चाहिए।